सत्य पथिक वेबपोर्टल/देहरादून-उत्तराखंड: climate change effect: प्रकृति की गोद में बसे उत्तराखंड में जलवायु परिवर्तन climate change का दुष्प्रभाव वनस्पतियों पर दिखने लगा है। फूल बेमौसम ही खिलने लगे हैं। उनके रंग और खुशबू भी काफी अलग हैं। ब्रह्म कमल हों या फूलों की घाटी, सबमें बेमौसम ही बहार आई हुई है।

भारतीय वनस्पति सर्वेक्षण के वैज्ञानिकों की मानें तो पूरी दुनिया में फूलों वाली साढ़े चार लाख वनस्पतियों में से 40,000 भारत में पाई जाती हैं। 20 हजार प्रजातियां ऐसी हैं, जिनमें तय समय पर निश्चित तापमान और वातावरण में ही फूलों के खिलने की प्रक्रिया शुरू होती है।

कुछ फूल ऐसे हैं तो ऋतुओं के आने का संकेत देते हैं लेकिन अब जलवायु परिवर्तन से फूलों के खिलने के समय में भी बदलाव देखने को मिल रहा है। भारतीय वनस्पति सर्वेक्षण के वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. एसके सिंह बताते हैं- राज्य के उच्च हिमालयी क्षेत्रों में पाया जाने वाला राज्य पुष्प ब्रह्म कमल भी अब निर्धारित समय से पहले खिलने लगा है। चार हजार फुट ऊंचाई वाले हिमालय के पहाड़ी क्षेत्रों में पाया जाने वाला यह फूल अमूमन जुलाई आखिर या अगस्त में खिलता है लेकिन इस बार यह जून शुरुआत से ही खिल रहा है। वहीं फूलों की घाटी में भी समय से काफी पहले ही फूल खिले हुए हैं। 

फूलों के रंगों में भी हुआ बदलाव
जलवायु परिवर्तन और तापमान में बढ़ोतरी से अब फूलों के रंगों में भी बदलाव देखने को मिल रहा है। अमेरिकन साइंस जर्नल करेंट बायोलॉजी में प्रकाशित एक लेख में विस्तार से बताया गया है कि फूलों के पिगमेंट में भी रासायनिक बदलाव देखने को मिल रहा है। पिगमेंट ही पराबैंगनी किरणों को अवशोषित करता है। पराबैंगनी किरणों का सबसे अधिक असर उच्च हिमालयी क्षेत्रों के फूलों पर देखने को मिल रहा है। 

शोध में यह बात भी सामने आई कि अत्यधिक कार्बन उत्सर्जन से ओजोन परत के क्षरण और अधिक अल्ट्रावायलेट किरणों के धरती पर आने से फूलों के परागकणों पर भी असर पड़ा है। यह भी फूलों के खिलने के समय और रंगों में बदलाव का एक कारण रहा है।

जलवायु परिवर्तन से ही आया है यह बदलाव
“जलवायु परिवर्तन के असर से न सिर्फ फूल निर्धारित समय से पहले खिलने लगे हैं, बल्कि उनके रंगों में भी बदलाव देखने को मिल रहा है।”- डॉ. एसके सिंह, क्षेत्रीय प्रभारी, भारतीय वनस्पति सर्वेक्षण

Leave a Reply

Your email address will not be published.

error: Content is protected !!