सत्य पथिक वेबपोर्टल/नई दिल्ली/Economy: अमेरिका, यूरोप समेत विकसित देशों में मंदी की आहट को देखते हुए भारत लैटिन अमेरिकी देशों में व्यापार बढ़ाने की संभावना तलाशने में जुट गया है। विदेश मंत्री डाॅ. एस. जयशंकर इसी सिलसिले में 22 अगस्त को लैटिन अमेरिका के तीन प्रमुख देशों ब्राजील, अर्जेंटीना और पैराग्वे के छह दिवसीय दौरे पर जा रहे हैं। इस दौरान इन तीन देशों में राजनयिक वार्ता के साथ ही वहां के प्रमुख व्यापारिक संगठनों के साथ कारोबारी बातचीत भी होगी।

मंदी की आहट बता रहे विशेषज्ञ

बताते चलें कि वर्ष 2022 की पहली दो तिमाहियों में अमेरिका की विकास दर में नकारात्मक बढ़ोतरी हुई है। आर्थिक विशेषज्ञ इसे मंदी की आहट बता रहे हैं। अमेरिका भारत का बड़ा कारोबारी पार्टनर है। भारत से वित्त वर्ष 2021-22 में अमेरिका को 76 अरब डालर का निर्यात हुआ था तो अमेरिका से भारत द्वारा 43 अरब डालर का आयात किया था। अमेरिका में मंदी की आहट के बीच भारतीय निर्यात पर असर साफ दिखने लगा है। इंजीनियरिंग और कई अन्य वस्तुओं के आर्डर में कमी आने लगी है।

क्‍या कहते हैं आंकड़े?

वाणिज्य मंत्रालय के मुताबिक, बीते वित्त वर्ष 2021-22 में भारत ने लैटिन अमेरिका को सिर्फ 18.89 अरब डालर का निर्यात किया। हालांकि, वित्त वर्ष 2020-21 के मुकाबले यह निर्यात 48 प्रतिशत अधिक है। दूसरी तरफ भारत ने 2021-22 में लैटिन अमेरिका से 25.62 अरब डालर की वस्तुओं का आयात किया। इस आयात में ब्राजील की हिस्सेदारी 5.71 अरब डालर तो अर्जेंटीना की हिस्सेदारी 4.2 अरब डालर थी।

लैटिन अमेरिकी देशों में निर्यात बढ़ने की काफी गुंजाइश

भारत ने वित्त वर्ष 2021-22 में 420 अरब डालर की वस्तुओं का निर्यात किया है। यानी भारत के कुल वस्तु निर्यात में लैटिन अमेरिका की हिस्सेदारी पांच प्रतिशत भी नहीं है। विदेश व्यापार विशेषज्ञों के मुताबिक, लैटिन अमेरिका में भारत के लिए अपना निर्यात बढ़ाने की अभी पर्याप्त गुंजाइश है। इसी को देखते हुए विदेश मंत्री डाॅ. जयशंकर ने लैटिन अमेरिका के अपने दौरे से पहले शनिवार को अर्जेंटीना, ब्राजील, क्यूबा, मैक्सिको, पैराग्वे, सूरीनाम, कोस्टरीका, पनामा जैसे देशों के राजदूतों के साथ बैठक की।

लैटिन अमेरिका पर भारत की निगाहें

भारत लैटिन अमेरिका को टेक्सटाइल्स, फार्मा, प्लास्टिक, मशीनरी, केमिकल्स का निर्यात करता है। जानकारों के मुताबिक भारत टेक्सटाइल, इंजीनियरिंग गुड्स, जेम्स व ज्वैलरी, लेदर गुड्स जैसे रोजगारपरक सेक्टर के निर्यात की बढ़ोतरी दर को जारी रखना चाहता है। इसलिए लैटिन अमेरिका में भारतीय निर्यात का पैर पसारना जरूरी हो गया है।

ब्राजील को सबसे अधिक निर्यात

लैटिन अमेरिका में भारत ब्राजील को सबसे अधिक निर्यात करता है। पिछले वित्त वर्ष में भारत ने ब्राजील को 6.49 अरब डालर का निर्यात किया, जो 2020-21 के मुकाबले 53 प्रतिशत अधिक है। वित्त वर्ष 2021-22 में भारत ने अर्जेंटीना का 1.43 अरब डालर का निर्यात किया था, जो पूर्व के वित्त वर्ष के मुकाबले 107 प्रतिशत अधिक है। ऐसे में इन देशों में व्यापार बढ़ाने की पूरी संभावना है। 

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