सत्य पथिक वेबपोर्टल/जम्मू/Amarnath Cloudburst: यात्रा से पूर्व दक्षिणी कश्मीर में पवित्र अमरनाथ गुफा के पास कल शुक्रवार शाम बादल फटने के बाद भारी बाढ़ की भीषण त्रासदी में अभी तक 15 श्रद्धालुओं की मौत की पुष्टि हो चुकी है जबकि 50 लोग घायल हैं और 48 लोग लापता बताए जा रहे हैं।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, 25 टेंट और तीन सामुदायिक रसोईघर भी नष्ट हो गए। नेशनल डिजास्टर रिस्पांस फोर्स की तीन टीमों (एक टीम में 30 जवान) के अलावा सेना की भी 10 रेस्क्यू टीमें पवित्र गुफा से यात्रा मार्ग के बीच राहत-बचाव अभियान में रात से ही जुटी हैं। तीन लोगों को सुरक्षित बचा लिया गया है। त्रासदी में मृतकों का आंकड़ा बढ़ भी सकता है।

कॉल कर इन नंबर पर पाएं मदद

श्री अमरनाथ श्राइन बोर्ड के सीईओ की ओर से पीड़ितों और उनके परिजनों के लिए पांच हेल्पलाइन नंबर जारी किए गए हैं। एनडीआरएफ- 011-23438252 और 011-23438253। कश्मीर डिविजनल हेल्पलाइन- 0194-2496240 और श्राइन बोर्ड हेल्पलाइन- 0194-231314। टोल फ्री नंबर- जम्मू- 18001807198, श्रीनगर- 18001807199।

बादल फटने के बाद ऐसी मची थी अफरा-तफरी

अफसरों की मानें तो भारी बारिश के बीच शाम साढ़े पांच बजे बादल फटा। गुफा के बाहर आधार शिविर में अचानक पानी आने से 25 टेंट और तीन सामुदायिक रसोईघर नष्ट हो गए। यह वही जगह थी, जहां तीर्थयात्रियों को भोजन दिया जाता है।

पीएम मोदी, गृह मंत्री शाह ने जिम्मेदारों को किया अलर्ट

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस घटना पर दुख जताया। उन्होंने ट्वीट किया, “श्री अमरनाथ गुफा के पास बादल फटने की घटना से दुखी हूं। शोक संतप्त परिवारों के प्रति संवेदना। मनोज सिन्हा जी से बात की और स्थिति की जानकारी ली।” पीएम ने कहा, ”बचाव और राहत अभियान जारी है। प्रभावित लोगों को हर संभव सहायता मुहैया कराई जा रही है।” केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने केंद्रीय बलों और जम्मू कश्मीर प्रशासन को निर्देश दिया कि अमरनाथ गुफा के पास बादल फटने से प्रभावित लोगों को बचाने का कार्य तेजी से किया जाए।

Leave a Reply

Your email address will not be published.

error: Content is protected !!